छत्तीसगढ़ राज्योत्सव के समापन समारोह में शामिल होंगे केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह, कांग्रेस ने भीड़ जुटाने को लेकर लगाए आरोप
रायपुर: छत्तीसगढ़ में मनाए जा रहे राज्योत्सव का आज तीसरा और अंतिम दिन है। इस भव्य समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत करने के लिए देश के केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह आज दिल्ली से विशेष तौर पर रायपुर पहुंच रहे हैं। केंद्रीय गृहमंत्री के इस कार्यक्रम में जुटने वाली भीड़ को लेकर राज्य की मुख्य विपक्षी पार्टी कांग्रेस ने सरकार पर तीखे हमले किए हैं। कांग्रेस पार्टी का यह गंभीर आरोप है कि अमित शाह के इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में भीड़ जुटाने के लिए प्रशासनिक मशीनरी का इस्तेमाल किया जा रहा है। कांग्रेस का दावा है कि समापन समारोह से ठीक पहले खाद्य विभाग का एक कथित आदेश सामने आया है, जिसके आधार पर यह सवाल उठाए जा रहे हैं।
खाद्य विभाग के आदेश का हवाला देकर कांग्रेस का दावा— अधिकारियों, कर्मचारियों और राशन दुकान संचालकों को अनिवार्य रूप से रहने को कहा गया है मौजूद
कांग्रेस पार्टी के मुताबिक, सामने आए कथित आदेश में खाद्य विभाग के सभी मैदानी अधिकारियों, कर्मचारियों के साथ-साथ सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) यानी राशन दुकान के संचालकों को भी राज्योत्सव स्थल पर अनिवार्य रूप से अपनी उपस्थिति दर्ज कराने के निर्देश दिए गए हैं। हालांकि, इस तरह के किसी भी आदेश या दस्तावेज की स्वतंत्र रूप से आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। कांग्रेस का मुख्य आरोप है कि केंद्रीय गृहमंत्री के दौरे से ठीक पहले इस तरह के निर्देश जारी करने का सीधा मकसद सरकारी अमले का दुरुपयोग करना है। पार्टी का दावा है कि राज्योत्सव में आम जनता की कम उपस्थिति की आशंका के चलते ही अब कर्मचारियों और दुकान संचालकों का सहारा लिया जा रहा है। हालांकि, कांग्रेस के इन तमाम आरोपों पर फिलहाल भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।
शाम 4 से 7 बजे तक उपस्थिति के निर्देश का आरोप, पंचायत और शिक्षा विभाग में भी आदेश जारी होने का दावा
कांग्रेस नेताओं का कहना है कि रायपुर कलेक्टर कार्यालय की खाद्य शाखा से जारी कथित आदेश में स्पष्ट निर्देश दिए गए थे कि राज्योत्सव के शासकीय कार्यक्रम के दौरान खाद्य विभाग के सभी लोग शाम 4 बजे से 7 बजे तक अनिवार्य रूप से उपस्थित रहें। आदेश में तय दायित्वों का निर्वहन करने और कार्यक्रम के सुचारू संचालन के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने की बात कही गई थी। कांग्रेस का यह भी आरोप है कि केवल खाद्य विभाग तक ही यह मामला सीमित नहीं है, बल्कि शिक्षा और पंचायत विभाग के स्तर पर भी इसी प्रकार के मौखिक या लिखित निर्देश जारी किए गए हैं।
सुशील आनंद शुक्ला का तीखा हमला— जनता की कम भागीदारी के डर से सरकारी तंत्र का हो रहा है इस्तेमाल
कांग्रेस मीडिया विभाग के प्रदेश अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने इस पूरे मामले को लेकर बीजेपी सरकार पर कड़ा प्रहार किया है। सुशील आनंद शुक्ला ने बयान देते हुए कहा कि राज्योत्सव में छत्तीसगढ़ की आम जनता की घटती भागीदारी को देखकर सरकार अंदरखाने काफी चिंतित है। उनके मुताबिक, छत्तीसगढ़ महतारी और प्रदेश की संस्कृति के कथित अपमान के चलते आम लोग इस आयोजन से दूरी बना रहे हैं, और इसी कमी को छुपाने के लिए भीड़ जुटाने के वास्ते सरकारी मशीनरी का धड़ल्ले से इस्तेमाल किया जा रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब केंद्रीय गृहमंत्री के कार्यक्रम में भीड़ जुटाने के लिए कर्मचारियों को अनिवार्य रूप से आने को कहा जा रहा है, तो सरकार को इसका स्पष्ट जवाब देना चाहिए।
आज समापन समारोह के मंच से जारी होगी महतारी वंदन योजना की 33वीं किस्त, सिंगल क्लिक से खातों में आएंगे पैसे
एक तरफ जहां राजनीतिक गलियारों में इस मुद्दे पर गरमागरम बहस छिड़ी हुई है, वहीं दूसरी तरफ राज्योत्सव के समापन समारोह को लेकर प्रशासनिक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। आज इस अंतिम दिन के मुख्य मंच से बहुप्रतीक्षित ‘महतारी वंदन योजना’ की 33वीं किस्त भी आधिकारिक रूप से जारी की जाएगी। देश के केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह डिजिटल माध्यम से एक सिंगल क्लिक के जरिए राज्य की पात्र महिलाओं के बैंक खातों में डीबीटी के माध्यम से इस राशि को ट्रांसफर करेंगे।