Muzaffarpur Crime: मुजफ्फरपुर में जिगरी दोस्त की पत्नी को लेकर फरार हुआ युवक; चाकू लेकर घर पर बोला धावा
मुजफ्फरपुर: बिहार के मुजफ्फरपुर जिले से रिश्तों को तार-तार करने वाली और सामाजिक ताने-बाने को झकझोरने वाली एक बेहद चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहाँ एक युवक अपने ही सबसे पक्के और जिगरी दोस्त की पत्नी को लेकर रफूचक्कर हो गया। इस गुपचुप प्रेम प्रसंग और फरारी की भनक लगते ही दोनों दोस्तों के परिवारों के बीच विवाद इस कदर बढ़ गया कि मामला खूनी मारपीट से होते हुए पुलिस थाने में घंटों तक चले हाई वोल्टेज ड्रामे तक पहुंच गया।
मिली जानकारी के अनुसार, जैसे ही पीड़ित पति के परिवार और प्रेमी युवक के परिवार को इस बात का पुख्ता पता चला कि महिला अपने पति के दोस्त के साथ घर छोड़कर चली गई है, तो दोनों पक्षों का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया। विवाद इतना गहरा गया कि एक पक्ष के आक्रोशित लोग हाथों में धारदार चाकू और लाठियां लेकर दूसरे पक्ष के घर पर सीधे धावा बोलने पहुंच गए। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच जमकर मारपीट और पत्थरबाजी हुई, जिससे पूरे नाला रोड इलाके में भारी अफरा-तफरी मच गई और लोग अपने घरों के शटर गिराने लगे।
📹 थाने पहुंची महिला ने सुनाया ऐसा फैसला कि उड़ गए सबके होश: बच्चे को लेकर प्रेमी के पास जाने की जिद पर अड़ी
स्थानीय दुकानदारों और लोगों द्वारा इस हिंसक झड़प की सूचना तुरंत स्थानीय पुलिस को दी गई। मौके पर पहुंची नगर थाना की पुलिस ने सूझबूझ दिखाते हुए दोनों पक्षों को खदेड़ा और कुछ लोगों को हिरासत में लेकर अलग किया। मामले की संवेदनशीलता और गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए फरार हुई महिला और उसके प्रेमी को भी तत्काल नगर थाने बुला लिया।
मामले की पूरी सच्चाई और तह तक पहुंचने के लिए जब पुलिस ने बंद कमरे में पूछताछ शुरू की, तो महिला ने जो कदम उठाया और जो बयान दिया, उससे वहां मौजूद पुलिस अधिकारियों से लेकर परिजनों तक हर कोई पूरी तरह सन्न रह गया। महिला ने लोक-लाज, मर्यादा और सभी सामाजिक बंधनों की परवाह किए बिना, पुलिस और अपने रोते हुए परिजनों के सामने साफ शब्दों में ऐलान कर दिया कि वह अपने पति को छोड़कर अपने प्रेमी (पति के दोस्त) के साथ ही रहना चाहती है। महिला अपने मासूम बच्चे के साथ प्रेमी के पास जाने की जिद पर अड़ी रही।
⚖️ थाना परिसर में ४ घंटे तक चलता रहा हाई वोल्टेज ड्रामा: पुलिस बनी रही मूकदर्शक, बालिग होने के कारण मिली आजादी
महिला के इस अप्रत्याशित फैसले के बाद थाना परिसर रणक्षेत्र में तब्दील हो गया और दोनों पक्षों के बीच जमकर गाली-गलौज, तीखी बहस और हंगामा शुरू हो गया। दोनों परिवार एक-दूसरे पर धोखा देने और जिंदगी बर्बाद करने के गंभीर आरोप-प्रत्यारोप लगाते रहे। यह हाई वोल्टेज ड्रामा थाने के अंदर करीब ४ घंटे तक लगातार चलता रहा और पुलिस मूकदर्शक बनकर दोनों ओर के परिजनों का गुस्सा शांत होने का इंतजार करती रही क्योंकि मामला पूरी तरह आपसी सहमति का था। काफी मशक्कत और कानूनी पेचीदगियां समझाने के बाद पुलिस अधिकारियों ने दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर शांत कराया।
इस पूरे घटनाक्रम को लेकर नगर थाना पुलिस के प्रभारी ने आधिकारिक रूप से बताया कि नाला रोड में दो गुटों के बीच भारी विवाद और मारपीट की सूचना पर पुलिस टीम मौके पर गई थी और स्थिति को बिगड़ने से रोकने के लिए दोनों पक्षों को थाने लाया गया था। चूंकि महिला पूरी तरह से बालिग (Adult) है, इसलिए उसने कानून के समक्ष लिखित और मौखिक रूप से स्वेच्छा से अपने प्रेमी के साथ रहने का स्पष्ट और अंतिम फैसला सुना दिया है। भारतीय संविधान के अनुसार, कोई भी बालिग महिला अपनी मर्जी से अपना जीवनसाथी चुनने या किसी के भी साथ रहने के लिए पूरी तरह स्वतंत्र है, जिसके बाद पुलिस ने दोनों परिवारों को समझाकर मामला शांत कराया और उन्हें थाने से छोड़ दिया।