Himachal Tourism: मैदानी इलाकों में भीषण गर्मी का प्रकोप, राहत के लिए रोजाना 20 हजार पर्यटक पहुंच रहे हिमाचल
दिल्ली, यूपी सहित देश के मैदानी इलाकों में पड़ रही रिकॉर्ड तोड़ भीषण गर्मी से राहत लेने के लिए बड़ी संख्या में पर्यटक हिमाचल प्रदेश के पहाड़ी क्षेत्रों में पहुंच रहे हैं. जेठ के महीने में भी जहां मैदानी इलाके तप रहे हैं, वहीं हिमाचल के पहाड़ी क्षेत्रों का मौसम बेहद सुहावना और ठंडा बना हुआ है. यही वजह है कि रोजाना करीब 20 हजार पर्यटक हिमाचल का रुख कर रहे हैं. शिमला, मनाली सहित राज्य के सभी प्रमुख पर्यटन स्थलों पर इन दिनों पर्यटकों की भारी भीड़ और रौनक देखने को मिल रही है.
❄️ पहाड़ी क्षेत्रों में तापमान सामान्य से नीचे, मनाली-लाहौल में विदेशी सैलानियों का भी जमावड़ा
मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, हिमाचल प्रदेश के अधिकांश पहाड़ी क्षेत्रों में इन दिनों तापमान सामान्य या सामान्य से भी नीचे बना हुआ है. पहाड़ों की ठंडी हवाओं और मनमोहक मौसम का आनंद लेने के लिए देश के विभिन्न राज्यों के साथ-साथ विदेशों से भी पर्यटक भारी संख्या में यहां पहुंच रहे हैं. विशेष रूप से शिमला, मनाली, धर्मशाला, चंबा, डलहौजी और लाहौल-स्पीति जैसे प्रमुख पर्यटन स्थलों पर सैलानियों का आंकड़ा लगातार नया रिकॉर्ड बना रहा है.
🏨 बर्फ से ढकी चोटियों ने खींचा ध्यान; होटल, होम-स्टे फुल होने से पर्यटन कारोबार चमका
पर्यटन विभाग के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, इन दिनों प्रतिदिन 20 हजार से अधिक पर्यटक हिमाचल की वादियों में दाखिल हो रहे हैं. सबसे अधिक भीड़ मनाली, रोहतांग दर्रा और लाहौल-स्पीति क्षेत्र में देखी जा रही है. बर्फ से ढकी ऊंची चोटियां, ठंडी हवाएं और चारों ओर बिखरी प्राकृतिक सुंदरता पर्यटकों को अपनी ओर आकर्षित कर रही है. पर्यटकों की इस भारी आमद से राज्य के होटल, गेस्ट हाउस और होम-स्टे में शानदार बुकिंग दर्ज की जा रही है, जिससे स्थानीय पर्यटन कारोबारियों के चेहरे खिल गए हैं और अर्थव्यवस्था को बड़ा लाभ मिल रहा है.
🚗 शिमला में गाड़ियों का महाजाम: 29 दिनों में पहुंचे 78 लाख वाहन, पुलिस ने जारी की एडवाइजरी
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पिछले 29 दिनों के भीतर अकेले शिमला क्षेत्र में 78 लाख से अधिक वाहन पहुंचे हैं, जबकि पिछले सप्ताह मात्र 72 घंटों में लगभग 70,000 वाहनों की एंट्री दर्ज की गई. वाहनों की इस अप्रत्याशित संख्या को देखते हुए शिमला पुलिस ने पर्यटकों के लिए एक विशेष ट्रैफिक एडवाइजरी (Traffic Advisory) जारी की है. इस एडवाइजरी का मुख्य मकसद शिमला शहर के भीतर लगने वाले लंबे ट्रैफिक जाम को कम करना और कुफरी, मशोबरा, नालदेहरा, नारकंडा, हट्टू पीक, फागू और तत्तापानी जैसी ऊंची वादियों की तरफ जाने वाले टूरिस्टों के सफर को आसान और सुरक्षित बनाना है.
🗺️ जाम से बचना है तो शहर के बजाय ‘मेहली-ढल्ली बाईपास’ रूट अपनाएं: एएसपी अभिषेक
शिमला के एएसपी (ASP) अभिषेक ने पर्यटकों से अपील करते हुए कहा कि वीकेंड और छुट्टियों के दिनों में शिमला शहर की अंदरूनी सड़कों पर वाहनों का दबाव बहुत ज्यादा बढ़ जाता है. इसलिए, जो पर्यटक कुफरी, नारकंडा या मशोबरा जैसी ऊंची जगहों की तरफ जाना चाहते हैं, वे शिमला शहर की भीड़भाड़ वाली सड़कों से जाने के बजाय शोगी से मेहली-ढल्ली बाईपास (Mehli-Dhalli Bypass) वाला रास्ता अपनाएं. इस वैकल्पिक मार्ग का उपयोग करने से पर्यटक शहर के मुख्य जाम में फंसे बिना बेहद कम समय में सीधे अपनी मंजिल तक आसानी से पहुंच सकते हैं.