Travel Insurance Claims: विदेश में फ्लाइट रद्द होने पर कैसे पाएं रिफंड? जानें ट्रैवल इंश्योरेंस के जरूरी नियम

 मध्यपूर्व में गहराते भू-राजनीतिक तनाव ने अंतरराष्ट्रीय हवाई यात्राओं को बुरी तरह प्रभावित किया है. अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ती तनातनी के कारण कई प्रमुख एयरलाइंस ने अपनी उड़ानें रद्द कर दी हैं या एहतियात के तौर पर मार्गों में बदलाव किया है. इस अचानक हुए फेरबदल की वजह से सैकड़ों भारतीय यात्री विदेशी ट्रांजिट एयरपोर्ट्स पर फंस गए हैं. घर से हजारों किलोमीटर दूर, अनिश्चितकाल के इंतजार और मेडिकल इमरजेंसी के डर ने इन यात्रियों की चिंता बढ़ा दी है. ऐसे मुश्किल वक्त में सवाल यह उठता है कि क्या लाखों रुपये खर्च करके लिया गया ट्रैवल इंश्योरेंस इस संकट की घड़ी में उनकी कोई आर्थिक मदद कर पाएगा?

ऐसे तय होगा क्लेम

घरेलू यात्राओं के विपरीत, विदेशी दौरों के लिए ट्रैवल इंश्योरेंस लेना एक बेहद जरूरी कदम माना जाता है. लेकिन, मौजूदा संकट जैसी स्थिति में बीमा कंपनी आपको क्लेम देगी या नहीं, यह दो बातों पर निर्भर करता है. पहला, आपकी यात्रा में बाधा आने का असली कारण क्या है और दूसरा, आपने बीमा पॉलिसी कब खरीदी थी.

नियमों के अनुसार, किसी भी यात्री के क्लेम पर तभी विचार किया जाता है जब उसने उस क्षेत्र में विवाद या समस्या शुरू होने से पहले ही अपनी पॉलिसी खरीद ली हो. अगर जियोपॉलिटिकल तनाव बढ़ने के कारण अचानक दुबई, कतर, तेहरान या पश्चिम एशिया के किसी अन्य हिस्से में एयरस्पेस बंद हो जाता है और यात्री फंस जाता है, तो ‘ट्रिप डिले’, ‘ट्रिप इंटरप्शन’ या ‘मिस्ड कनेक्शन’ के फायदों के तहत बीमा कंपनी भरपाई कर सकती है. शर्त सिर्फ यही है कि कवरेज समस्या पनपने से पहले लिया गया हो.

जब कंपनियों के नियम बन जाते हैं रुकावट

जब बात युद्ध या सैन्य टकराव की आती है, तो बीमा कंपनियों के नियम काफी सख्त हो जाते हैं. ‘पॉलिसी एक्स डॉट कॉम’ के संस्थापक और सीईओ नवल गोयल के मुताबिक, यात्रियों को यह समझना होगा कि ज्यादातर पॉलिसियां उन दावों को बाहर रखती हैं जिनका कारण किसी सरकार द्वारा की गई युद्ध की आधिकारिक घोषणा हो. सक्रिय युद्ध (एक्टिव वॉर) की स्थिति में आम तौर पर ‘वॉर एक्सक्लूजन क्लॉज’ लागू हो जाता है और कंपनी लायबिलिटी कवर नहीं करती.

हालांकि, अगर उड़ानें रद्द होने या एयरपोर्ट बंद होने जैसी किसी ऑपरेशनल दिक्कत के कारण यात्री फंसते हैं, तो बीमा कंपनियां दावे पर विचार करती हैं. पेच तब फंसता है जब अघोषित टकराव, एहतियातन डायवर्जन या अचानक एयरस्पेस शटडाउन जैसी स्थिति पैदा होती है, जिसे आधिकारिक युद्ध घोषित नहीं किया गया हो. ऐसे में क्लेम का पास होना इस बात पर निर्भर करता है कि पॉलिसी की बारीक शर्तों के अनुसार बीमा कंपनी नुकसान को प्रत्यक्ष मानती है या अप्रत्यक्ष परिणाम.

तनाव के बीच सेहत बिगड़ने पर क्या होगा?

लंबे समय तक एयरपोर्ट पर फंसे रहने से मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य पर असर पड़ना लाजमी है. ऐसे में किसी यात्री के बीमार पड़ने या दुर्घटना का शिकार होने का जोखिम बना रहता है. इस स्थिति में ट्रैवल मेडिकल इंश्योरेंस काफी मददगार साबित होता है.

अगर कोई यात्री किसी ऐसी बीमारी या दुर्घटना का शिकार होता है जिसका मौजूदा सैन्य टकराव से कोई सीधा संबंध नहीं है, तो अस्पताल में भर्ती होने, इलाज या इमरजेंसी इवैक्यूएशन का क्लेम आम तौर पर आसानी से पास हो जाता है. लेकिन, यह ध्यान रखना बेहद जरूरी है कि अगर स्वास्थ्य नुकसान सीधे तौर पर किसी मिलिट्री एक्शन के कारण हुआ है, तो मेडिकल क्लेम भी स्वीकार नहीं किया जाएगा.

क्या धारावी की जमीन के मालिक बन जाएंगे अडानी, जानिए असल कहानी?     |     EVM के इस्तेमाल की जिद क्यों? एलन मस्क की टिप्पणी के बाद अखिलेश यादव का सवाल     |     इंस्टा पर दोस्ती, होटल ले जाकर दोस्तों ने किया गंदा काम… सुसाइड से पहले युवक बता गया दर्द भरी दास्तां     |     तांत्रिक ने बीमारी ठीक करने का झांसा देकर महिला से किया दुष्कर्म     |     T20 World Cup: पाकिस्तान के बाहर होने पर सिद्धू ने खोली ICC की पोल, गावस्कर ने भी की खिंचाई     |     संसद में अब 2014 और 2019 वाली स्थिति नहीं…कभी भी गिर सकती है सरकार, स्पीकर पद को लेकर संजय राउत का बड़ा बयान     |     आयकर में दान पर टैक्स छूट के लिए फार्म 10बीई जरूर लें करदाता     |     राहुल गांधी ने छोड़ी वायनाड सीट तो प्रियंका गांधी होंगी उम्मीदवार! अगले तीन दिन में होगा फैसला     |     कोटा कोचिंग सेंटर में IIT की तैयारी करने वाले छात्र ने किया सुसाइड     |     उज्जैन से पीएमश्री धार्मिक पर्यटन हेली सेवा शुरू, CM मोहन यादव ने दिखाई हरी झंडी     |     Chhattisgarh Rajya Sabha Election 2026: छत्तीसगढ़ से राज्यसभा के लिए दो महिलाओं ने भरा नामांकन, फूलो देवी नेताम और लक्ष्मी वर्मा की दावेदारी     |     GPM Crime News: गौरेला-पेंड्रा-मरवाही में कलयुगी बेटे ने की मां की हत्या, इलाके में फैली सनसनी; आरोपी गिरफ्तार     |     रायपुर में यूपी के तस्कर का बड़ा गेम ओवर! 14 लाख के गांजे के साथ गिरफ्तार, पुलिस ने घेराबंदी कर दबोचा     |     छत्तीसगढ़ राज्यसभा चुनाव के लिए भाजपा प्रत्याशी लक्ष्मी वर्मा ने दाखिल किया नामांकन, दिग्गज नेता रहे मौजूद     |     Mahasamund Crime News: महासमुंद में होली के दिन लापता हुए 9 साल के मासूम की हत्या? अगले दिन खेत में मिला शव, इलाके में सनसनी     |     Human-Wildlife Conflict: मंडी प्रभारी पर हाथी का जानलेवा हमला, पत्नी के सामने ही पति को उतारा मौत के घाट; इलाके में दहशत     |     Raipur Weather Update: रायपुर में अभी से तपने लगी जमीन, मार्च के अंत तक 41 डिग्री पहुंच सकता है पारा; जानें पिछले 5 साल का रिकॉर्ड     |     Raipur Crime News: रायपुर की खारून रेलवे कॉलोनी में मिला शव, हत्या या ब्रेन हेमरेज? मौत की गुत्थी सुलझाने में जुटी पुलिस     |     बेमेतरा में भीषण मंजर! पैरावट की आग से दहका घर, फिर हुआ जोरदार सिलेंडर ब्लास्ट     |     Jharkhand Road Accident: बिल्ली को बचाने के चक्कर में अनियंत्रित होकर पलटा ऑटो, 45 वर्षीय महिला की दर्दनाक मौत     |    

Pradesh Samna
पत्रकार बंधु भारत के किसी भी क्षेत्र से जुड़ने के लिए सम्पर्क करें