Jharkhand Central Agency News: ऑल इंडिया कोल माइंस यूनियन की शिकायत पर कार्रवाई, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज
झारखंड के धनबाद जिले से भ्रष्टाचार के एक बड़े मामले में केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने बड़ी कार्रवाई की है। कोयला नगरी धनबाद में स्थित भारत कोकिंग कोल लिमिटेड (BCCL) के कोयला नगर स्थित केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) यूनिट से जुड़े अधिकारियों पर भ्रष्टाचार और आपराधिक साजिश के आरोप में सीबीआई ने प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली है। जिन अधिकारियों के खिलाफ यह मामला दर्ज किया गया है, उनमें तत्कालीन डिप्टी कमांडेंट ओम कुमार तंवर और तत्कालीन महिला इंस्पेक्टर राजलक्ष्मी वर्मा के नाम शामिल हैं, जिससे सुरक्षा बलों और प्रशासनिक हलकों में हड़कंप मच गया है।
🎙️ पेन ड्राइव में मिले ऑडियो क्लिप से हुआ बड़ा खुलासा, विभागीय जांच में सामने आई गंभीर वित्तीय अनियमितताएं
इस पूरे मामले की सबसे खास बात यह है कि सीआईएसएफ अधिकारियों के खिलाफ भ्रष्टाचार की लिखित शिकायत के साथ एक पेन ड्राइव भी सबूत के तौर पर सौंपी गई थी। इस पेन ड्राइव में तीन महत्वपूर्ण ऑडियो रिकॉर्डिंग होने की बात कही गई है। शिकायत मिलने के बाद जब मामले की विभागीय जांच कराई गई, तो दोनों अधिकारियों के खिलाफ गंभीर वित्तीय गड़बड़ियों और अनियमितताओं की पुष्टि हुई। इसके अलावा, ऑडियो क्लिप में सुनाई देने वाली आवाजें भी तत्कालीन डिप्टी कमांडेंट ओम कुमार तंवर और महिला इंस्पेक्टर राजलक्ष्मी वर्मा की आवाजों से मिलती-जुलती बताई गई हैं। इन तमाम साक्ष्यों की गंभीरता को देखते हुए सीबीआई की एंटी करप्शन ब्रांच (ACB), धनबाद ने नियमित केस दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।
📝 यूनियन की शिकायत और सीआईएसएफ मुख्यालय के निर्देश पर हुई कार्रवाई, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत केस दर्ज
एफआईआर के मुताबिक, ऑल इंडिया कोल माइंस यूनियन झारखंड के मदन सिंह ने लिखित शिकायत दर्ज कराते हुए सीआईएसएफ के कुछ अधिकारियों व जवानों पर भ्रष्टाचार और अनुचित गतिविधियों में संलिप्त होने का आरोप लगाया था। इस मामले की शिकायत सीआईएसएफ मुख्यालय तक पहुंचने के बाद आंतरिक विभागीय जांच कराई गई थी। इसके बाद सीआईएसएफ मुख्यालय नई दिल्ली के सीवीओ/आईजी (पर्सनल) जोस मोहन ने 25 फरवरी 2026 को पत्र भेजकर कार्रवाई की प्रक्रिया आगे बढ़ाई। उनकी शिकायत, मदन सिंह के आवेदन और पेन ड्राइव-सीडी को आधार बनाते हुए सीबीआई ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 की धारा 7 तथा भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 61(2) के तहत आपराधिक साजिश का मामला दर्ज किया है।
🔍 अब सीबीआई के डीएसपी विकास कुमार पाठक करेंगे मामले की तकनीकी और दस्तावेजी जांच
मामले की गंभीरता को देखते हुए सीबीआई एसीबी धनबाद ने इसकी जांच की कमान डीएसपी विकास कुमार पाठक को सौंपी है। जांच के दौरान शिकायतकर्ता द्वारा दिए गए पेन ड्राइव के तीनों ऑडियो क्लिप, सीडी, विभागीय जांच की रिपोर्ट तथा वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े तमाम दस्तावेजों और तथ्यों की बारीकी से पड़ताल की जाएगी। इस उच्चस्तरीय जांच के बाद आने वाले दिनों में और भी कई बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।