मध्य पूर्व एशिया में बने तनाव और उससे बिगड़े हालात के बीच पीएम नरेंद्र मोदी की ओर से लोगों से पेट्रोलियम उत्पादों के संरक्षण करने की अपील का असर दिखने लगा है। उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, राजस्थान, महाराष्ट्र, त्रिपुरा और दिल्ली समेत कई राज्यों ने पेट्रोलियम पदार्थों के संरक्षण को लेकर कई फैसले लिए हैं। कई मुख्यमंत्रियों ने अपने काफिले छोटे कर दिए हैं, तो कहीं वर्क फ्रॉम होम लागू किया गया है। मुख्यमंत्री और मंत्री अब साइकिल, बाइक या पैदल ही ऑफिस जाने लगे हैं।
🖥️ उत्तर प्रदेश: हफ्ते में 2 दिन WFH और वर्जुअल मीटिंग्स को प्राथमिकता
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में ‘वर्क फ्रॉम होम’ (WFH) की संस्कृति को प्राथमिकता देने की अपील की है। जिन संस्थानों में बड़ी संख्या में कर्मचारी हैं, वहां हफ्ते में 2 दिन WFH के लिए एडवाइजरी जारी की जाएगी। साथ ही, सचिवालय की 50% मीटिंग्स वर्चुअली होंगी। मुख्यमंत्री ने अपनी और मंत्रियों की फ्लीट में 50% की कमी करने के निर्देश दिए हैं और जनप्रतिनिधियों से हफ्ते में एक दिन पब्लिक ट्रांसपोर्ट का उपयोग करने को कहा है।
🚲 दिल्ली: ‘मेरा भारत मेरा योगदान’ अभियान और साइकिल से बैठकों में पहुंचे मंत्री
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने पेट्रोल-डीजल बचाने के लिए 90 दिनों का जन जागरुकता अभियान शुरू किया है। सरकारी कर्मचारी अब हफ्ते में 2 दिन घर से काम करेंगे। दिल्ली के मंत्री परवेश वर्मा खुद साइकिल से NDMC की बैठक में पहुंचे। मुख्यमंत्री ने अपील की है कि सभी जनप्रतिनिधि और अधिकारी आवश्यकता के अनुरूप न्यूनतम गाड़ियों का उपयोग करें और कार पूल को प्राथमिकता दें।
🚫 मध्य प्रदेश और राजस्थान: वाहन रैलियों पर रोक और काफिले में कटौती
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने संकल्प लिया है कि उनके कारकेड में सुरक्षा की दृष्टि से कम से कम गाड़ियां होंगी और कोई वाहन रैली नहीं निकाली जाएगी। वहीं, राजस्थान के मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने निर्देश दिया है कि अनावश्यक यात्राओं से बचकर ईंधन की खपत कम की जाए। उन्होंने मुख्य सचिव और अन्य अधिकारियों को भी सुरक्षा के नाम पर अनावश्यक गाड़ियों का उपयोग न करने का निर्देश दिया है।
✈️ महाराष्ट्र और गुजरात: हवाई यात्रा पर लगाम और सार्वजनिक परिवहन पर जोर
महाराष्ट्र सरकार ने मंत्रियों के लिए हवाई यात्रा से पहले मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की मंजूरी अनिवार्य कर दी है। फडणवीस खुद भी बाइक से ऑफिस पहुंचकर सादगी का संदेश दे चुके हैं। गुजरात के राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने ऐलान किया कि वे हेलीकॉप्टर की जगह ट्रेनों और एसटी बसों का इस्तेमाल करेंगे। इसी कड़ी में गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने अपना अमेरिका दौरा रद्द कर जनता से अनावश्यक विदेश यात्रा से बचने का आग्रह किया है।
🚶 बिहार: पैदल ऑफिस पहुंचे मुख्यमंत्री और गाड़ियों की संख्या की आधी
बिहार में भी पीएम मोदी की अपील का बड़ा असर दिखा है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी खुद पैदल ही अपने घर से ऑफिस पहुंचे। उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी ने अपनी गाड़ियों की संख्या आधी कर दी है और कहा कि आधिकारिक यात्राएं केवल जरूरत होने पर ही की जाएंगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि इस मुद्दे पर पूरे देश को एकजुट होकर राष्ट्रीय हित में काम करना चाहिए।