बदलती लाइफस्टाइल में डाइट से गायब हो रहा फाइबर, पाचन और समग्र स्वास्थ्य के लिए है बेहद जरूरी

हेल्थ डेस्क: आधुनिक जीवनशैली, भागदौड़ भरी दिनचर्या और अल्ट्रा-प्रोसेस्ड खानपान की वजह से वर्तमान में अधिकांश लोगों की दैनिक थाली से आवश्यक डाइटरी फाइबर (Dietary Fiber) गायब होता जा रहा है।

मानव शरीर के समुचित संचालन और आंतरिक अंगों के स्वस्थ कार्यप्रणाली के लिए कई पोषक तत्वों की आवश्यकता होती है, जिनमें फाइबर एक अत्यंत महत्वपूर्ण तत्व है। भोजन में पर्याप्त फाइबर न होने पर लंबे समय तक कब्ज (Constipation), पेट फूलना (Bloating), अपच और आंतों से जुड़ी कई गंभीर समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। वैज्ञानिक रूप से फाइबर पौधों से प्राप्त होने वाला एक विशेष प्रकार का जटिल कार्बोहाइड्रेट है, जिसे हमारा पाचन तंत्र पूरी तरह पचा नहीं पाता, बल्कि यह आंतों की सफाई और मेटाबॉलिज्म को दुरुस्त रखने में प्रमुख भूमिका निभाता है।

📊 उम्र और लिंग के अनुसार रोजाना कितने फाइबर की होती है जरूरत? मेयो क्लिनिक की रिपोर्ट

प्रसिद्ध वैश्विक स्वास्थ्य संस्थान मेयो क्लिनिक (Mayo Clinic) के दिशानिर्देशों के अनुसार, शरीर को सुचारू रूप से कार्य करने के लिए आयु और लिंग के आधार पर फाइबर की दैनिक मात्रा निर्धारित की गई है:

  • 50 वर्ष या उससे कम उम्र की महिलाएं: प्रतिदिन लगभग 25 ग्राम फाइबर।

  • 50 वर्ष या उससे कम उम्र के पुरुष: प्रतिदिन लगभग 38 ग्राम फाइबर।

  • 50 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाएं: प्रतिदिन लगभग 21 ग्राम फाइबर।

  • 50 वर्ष से अधिक उम्र के पुरुष: प्रतिदिन लगभग 30 ग्राम फाइबर।

विशेषज्ञों का कहना है कि शारीरिक संरचना और व्यक्तिगत स्वास्थ्य स्थितियों के अनुसार हर व्यक्ति की जरूरत में थोड़ा अंतर हो सकता है। इसलिए डाइट में फाइबर की मात्रा धीरे-धीरे बढ़ानी चाहिए और इसके साथ प्रचुर मात्रा में जल का सेवन सुनिश्चित करना अनिवार्य है।

❤️ कब्ज से मुक्ति, वजन नियंत्रण और दिल की सेहत: जानिए फाइबर के चमत्कारी फायदे

भोजन में पर्याप्त फाइबर शामिल करने से शरीर को कई प्रकार के प्रत्यक्ष स्वास्थ्य लाभ प्राप्त होते हैं:

  • पाचन तंत्र में सुधार: फाइबर आंतों में पहुंचकर मल को नरम, भारी और सुगठित बनाता है, जिससे आंतों की गतिशीलता (Bowel Movement) बेहतर होती है और पुरानी कब्ज की समस्या से प्राकृतिक राहत मिलती है।

  • वजन नियंत्रण (Weight Management): फाइबर युक्त भोजन पचने में समय लेता है, जिससे पेट लंबे समय तक भरा हुआ महसूस होता है। इससे अस्वस्थ क्रेविंग कम होती है और वजन घटाने में मदद मिलती है।

  • ब्लड शुगर और कोलेस्ट्रॉल नियंत्रण: घुलनशील (Soluble) फाइबर पानी में घुलकर जेल जैसा रूप ले लेता है, जिससे ग्लूकोज का अवशोषण धीमा होता है और ब्लड शुगर अचानक नहीं बढ़ता। साथ ही यह धमनियों में खराब कोलेस्ट्रॉल (LDL) के स्तर को घटाकर हृदय रोग के जोखिम को कम करता है।

🍎 फाइबर के सबसे बेहतरीन प्राकृतिक स्रोत: फल, दालें, नट्स और साबुत अनाज

डाइटरी फाइबर मुख्य रूप से संपूर्ण वनस्पति आधारित प्राकृतिक आहार में भरपूर मात्रा में पाया जाता है।

सेब, नाशपाती, रास्पबेरी, संतरा, हरी पत्तेदार सब्जियां, हरी मटर, बीन्स, दालें, बादाम, अखरोट और चिया सीड्स इसके उत्कृष्ट स्रोत हैं। सेब और नाशपाती को अच्छी तरह धोकर छिलके सहित खाना अधिक गुणकारी होता है। मेयो क्लिनिक के आंकड़ों के अनुसार, एक मध्यम आकार के नाशपाती में लगभग 5.5 ग्राम, एक मध्यम सेब में करीब 4.4 ग्राम और एक कप रास्पबेरी में लगभग 8 ग्राम फाइबर होता है। वहीं, एक कप पकी हुई साबुत दाल से शरीर को करीब 15.6 ग्राम फाइबर प्राप्त होता है। जब भी बाजार से साबुत अनाज (Oats, Whole Wheat) खरीदें, तो पैकेट पर फाइबर कंटेंट की जांच अवश्य करें।

⚠️ डाइट में फाइबर शामिल करते समय रखें इन सावधानियों का ध्यान

यदि आपकी डाइट में वर्तमान में फाइबर कम है, तो इसकी मात्रा को अचानक बहुत अधिक न बढ़ाएं।

फाइबर की मात्रा एकाएक बढ़ाने से पेट में अतिरिक्त गैस, भारीपन और मरोड़ (ऐंठन) की समस्या हो सकती है। हमेशा फाइबर युक्त खाद्य पदार्थों की मात्रा को धीरे-धीरे चरणबद्ध तरीके से बढ़ाएं। इसके साथ ही दिन भर में पर्याप्त मात्रा में पानी पिएं, क्योंकि पानी के बिना फाइबर आंतों में सख्त हो सकता है। जिन व्यक्तियों को अल्सर, अल्सरेटिव कोलाइटिस या आंतों से संबंधित अन्य विशिष्ट बीमारियां हैं, उन्हें अपने आहार में किसी भी प्रकार का बदलाव करने से पूर्व योग्य चिकित्सक या क्लीनिकल डाइटिशियन से परामर्श अवश्य लेना चाहिए।

क्या धारावी की जमीन के मालिक बन जाएंगे अडानी, जानिए असल कहानी?     |     EVM के इस्तेमाल की जिद क्यों? एलन मस्क की टिप्पणी के बाद अखिलेश यादव का सवाल     |     इंस्टा पर दोस्ती, होटल ले जाकर दोस्तों ने किया गंदा काम… सुसाइड से पहले युवक बता गया दर्द भरी दास्तां     |     तांत्रिक ने बीमारी ठीक करने का झांसा देकर महिला से किया दुष्कर्म     |     T20 World Cup: पाकिस्तान के बाहर होने पर सिद्धू ने खोली ICC की पोल, गावस्कर ने भी की खिंचाई     |     संसद में अब 2014 और 2019 वाली स्थिति नहीं…कभी भी गिर सकती है सरकार, स्पीकर पद को लेकर संजय राउत का बड़ा बयान     |     आयकर में दान पर टैक्स छूट के लिए फार्म 10बीई जरूर लें करदाता     |     राहुल गांधी ने छोड़ी वायनाड सीट तो प्रियंका गांधी होंगी उम्मीदवार! अगले तीन दिन में होगा फैसला     |     कोटा कोचिंग सेंटर में IIT की तैयारी करने वाले छात्र ने किया सुसाइड     |     उज्जैन से पीएमश्री धार्मिक पर्यटन हेली सेवा शुरू, CM मोहन यादव ने दिखाई हरी झंडी     |     क्या भारत में नागरिकों को हासिल है पूरी आजादी? जानिए संविधान प्रदत्त 11 अधिकारों के साथ जुड़ी अहम कानूनी शर्तें     |     क्या NDA में होगा बड़ा विस्तार? परिसीमन और महिला आरक्षण बिल के बीच DMK, NCP और अकाली दल के साथ आने की सुगबुगाहट     |     महाराष्ट्र के सांगली में बड़ा हादसा: रेणावी घाट में दो ST बसों की आमने-सामने भीषण टक्कर     |     स्वतंत्रता दिवस 2026: दिल्ली मेट्रो की विशेष व्यवस्था, लाल किला और जामा मस्जिद के लिए सुबह 4 बजे से चलेंगी ट्रेनें     |     अयोध्या पहुंचे मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, महंत परमहंस रामचंद्र दास के स्मृति समारोह में हुए शामिल     |     80वें स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का राष्ट्र के नाम संबोधन, देशवासियों को दी बधाई     |     PM मोदी और विदेश नीति पर टिप्पणी से गरमाई सियासत: राजनाथ सिंह और एकनाथ शिंदे ने राहुल गांधी को घेरा, बताया देश का अपमान     |     CJI सूर्य कांत विवाद के बाद सुर्खियों में NALSAR यूनिवर्सिटी, BCI ने वापस लिया निलंबन फैसला     |     4,200 करोड़ के लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे निर्माण में भ्रष्टाचार का आरोप, हाईकोर्ट ने मांगा जवाब     |     15 अगस्त को देश मनाएगा 80वां स्वतंत्रता दिवस, लाल किले पर समारोह के दौरान मौसम पर टिकीं निगाहें     |    

Pradesh Samna
पत्रकार बंधु भारत के किसी भी क्षेत्र से जुड़ने के लिए सम्पर्क करें