Chhattisgarh Assembly Session 2026: विधानसभा में गूंजा शराब घोटाला, भूपेश बघेल ने मांगी रिकवरी की जानकारी; शिक्षकों की भर्ती पर भी सवाल
रायपुर : छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र के दौरान बुधवार को शराब घोटाले के मुद्दे पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी नोंकझोंक देखने को मिली. चर्चा के दौरान विधायक शकुंतला पोर्ते की एक टिप्पणी पर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल नाराज हो गए, जिससे सदन का माहौल कुछ समय के लिए गरमा गया. जब सदन में शराब से जुड़े सवाल-जवाब चल रहे थे, तभी विपक्ष की ओर से बीच-बीच में टोकाटोकी की गई.
शराब घोटाले को लेकर हंगामा
इस पर विधायक शकुंतला पोर्ते ने टिप्पणी करते हुए कहा कि विपक्ष के कार्यकाल में 2000 करोड़ रुपये का शराब घोटाला हुआ था. इस बयान पर भूपेश बघेल ने कड़ी आपत्ति जताई और आबकारी मंत्री से सवाल किया कि यदि इतना बड़ा घोटाला हुआ है तो उसकी पूरी जानकारी सदन में प्रस्तुत की जाए.
विपक्ष ने मांगी घोटाले से जुड़ी जानकारी
भूपेश बघेल ने कहा कि यदि 2000 करोड़ रुपये के घोटाले का आरोप लगाया जा रहा है, तो यह भी स्पष्ट किया जाए कि अब तक इस मामले में कितनी राशि की रिकवरी हुई है और कितने लोगों से पैसा वापस लिया गया है. उन्होंने यह भी कहा कि सदन में किसी भी सदस्य को बिना ठोस जानकारी के केवल आरोप लगाने या टिप्पणी करने से बचना चाहिए. इस मुद्दे को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच काफी देर तक तीखी बहस चलती रही.
स्वामी आत्मानंद का भी मुद्दा गूंजा
इसी बीच प्रश्नकाल के दौरान नेता-प्रतिपक्ष डॉ.चरणदास महंत ने स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम उत्कृष्ट विद्यालयों का मुद्दा उठाया. उन्होंने सरकार से पूछा कि प्रदेश में ऐसे कितने विद्यालय संचालित हो रहे हैं, नर्सरी कक्षाओं की स्वीकृति कब दी गई और वर्तमान में प्री-प्राइमरी कक्षाएं कितनी चल रही हैं.साथ ही कुछ जिलों में शिक्षकों को हटाने की शिकायतों पर भी स्पष्टीकरण मांगा.
शिक्षा मंत्री ने दिया जवाब
इस पर स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने जवाब देते हुए कहा कि अभी किसी भी जिले में शिक्षकों को नहीं हटाया गया है.उन्होंने बताया कि प्रदेश के 14 जिलों के 54 विद्यालयों में प्री-प्राइमरी कक्षाएं संचालित हो रही हैं.इसके अलावा नई शिक्षा नीति के तहत प्रदेश में 11 हजार बालवाड़ी खोलने की योजना है.
इस तरह विधानसभा में एक ओर शराब घोटाले के आरोपों को लेकर राजनीतिक माहौल गरम रहा, वहीं दूसरी ओर शिक्षा से जुड़े मुद्दों पर भी विस्तृत चर्चा हुई.
