Bathinda News: बठिंडा के गुरुद्वारा साहिब में शॉर्ट सर्किट से लगी भीषण आग; श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के स्वरूप अग्नि भेंट
बठिंडा के नजदीकी गांव जस्सी पौवाली स्थित गुरुद्वारा ढाबसर साहिब से एक अत्यंत दुखद, दुर्भाग्यपूर्ण और हृदयविदारक घटना सामने आई है. यहाँ सचखंड साहिब में लगे बिजली के एक बल्ब में अचानक हुए शॉर्ट सर्किट के कारण भयानक आग लग गई. देखते ही देखते आग ने इतना भीषण रूप अख्तियार कर लिया कि सचखंड साहिब में सुशोभित धन-धन श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के कुछ पावन स्वरूप मर्यादापूर्वक अग्नि भेंट हो गए. इस हृदयविदारक घटना की खबर फैलते ही पूरे इलाके की संगत और सिख समुदाय में गहरे शोक की लहर दौड़ गई है. हालांकि, मौके पर मौजूद ग्रंथी सिंह और सेवादारों की अदम्य बहादुरी और मुस्तैदी के चलते कुछ पावन स्वरूपों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया.
🙏 जत्थेदार बाबा टेक सिंह पहुंचे मौके पर: धर्म प्रचार कमेटी करेगी मामले की गहन जांच, रात के समय पाठ के दौरान भड़की आग
इस बेहद संवेदनशील घटना की सूचना मिलते ही तख्त श्री दमदमा साहिब के जत्थेदार सिंह साहिब बाबा टेक सिंह तुरंत अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति का बारीकी से जायजा लिया. उन्होंने इस घटना पर गहरा दुख और संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि इस मामले की पूरी और पारदर्शी जांच शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) की धर्म प्रचार कमेटी के माध्यम से करवाई जाएगी. गुरुद्वारा साहिब के सेवादारों के अनुसार, रात करीब साढ़े 8 से 9 बजे के बीच वे रोजाना की तरह अपनी सेवा और पाठ कर रहे थे. इसी दौरान सचखंड साहिब के भीतर से अचानक तेज रोशनी (अग्नि की लपटें) दिखाई दी. जब सेवादार तुरंत अंदर भागे, तो देखा कि पूरा कमरा आग की चपेट में आ चुका था. स्थिति की गंभीरता को देखते हुए ग्रंथी सिंह और सेवादार अपनी जान जोखिम में डालकर श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के स्वरूपों को बाहर निकालने में जुट गए.
🛡️ सेवादारों ने जान पर खेलकर बचाए दो पावन स्वरूप: आग बुझाने में झुलसे हाथ, 14 जून को तख्त साहिब पर पंचायत तलब
मौके पर मौजूद सेवादारों ने भावुक होते हुए बताया कि अपनी जान की परवाह न करते हुए उन्होंने दो पावन स्वरूपों को पूरी तरह सुरक्षित और ससम्मान बाहर निकाल लिया. हालांकि, अन्य स्वरूपों और चंवर-रुमाला साहिब को आग की तेज लपटों से बाहर निकालने के प्रयास में कुछ सेवादारों के हाथ भी झुलस गए. उन्होंने बताया कि सचखंड साहिब का मुख्य चंदोआ साहिब भी पूरी तरह आग की चपेट में आ चुका था, जिससे हालात बेहद खतरनाक और विचलित करने वाले बन गए थे.
जत्थेदार बाबा टेक सिंह ने बताया कि प्राथमिक तकनीकी जांच के अनुसार, सचखंड में रोशनी के लिए लगे एक बल्ब में शॉर्ट सर्किट होने के कारण ही यह हादसा हुआ. उन्होंने ग्रंथी सिंह और सेवादारों की इस बहादुरी और अटूट सेवा भावना की दिल से सराहना की, जिनकी तत्परता से कई स्वरूपों को समय रहते आंच आने से बचा लिया गया. उन्होंने आगे बताया कि घटना की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी और गांव की पंचायत को आगामी 14 जून को तख्त श्री दमदमा साहिब में विशेष रूप से तलब किया गया है, जहां विस्तृत जांच रिपोर्ट के आधार पर मर्यादा के अनुसार आगे की धार्मिक और प्रशासनिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी.